साइबर फ्रॉड अपराधियों पर कठोर कार्यवाही, प्रदेश में पहली बार साइबर फ्रॉड के अपराध में अपराधियों को मिली सजा। मा0 न्यायालय ने 02 साइबर फ्रॉड अपराधियों को 07-07 वर्ष का सश्रम कारावास व प्रत्येक को 1,50,000/- रूपये के अर्थदण्ड से किया दण्डित ।
#एलन_मस्क ने सोशल मीडिया साइट एक्स अपनी एक्स ए.आई. आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस कम्पनी को बेच दी है। उन्होंने कल रात इस संबंध में 33 अरब डॉलर के समझौते की घोषणा की।#ElonMuskpic.twitter.com/JiEBHzQjVB
माननीय न्यायालय ने माना की “साइबर अपराध एक अत्यन्त गम्भीर व जघन्य अपराध है एवं साइबर अपराधी महत्वकांक्षी योजना ‘डिजिटल-इण्डिया’ के लिए अभिशाप है”।
ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत प्रभावी पैरवी कर साइबर अपराधियों को दिलायी गयी सजा । साइबर फ्रॉड के अपराधियों को माननीय न्यायालय से दण्डित किये जाने का प्रदेश का पहला मामला ।
साइबर फ्रॉड के अपराधी मन्टु मण्डल व प्रमोद कुमार मण्डल को माननीय न्यायालय ने 07-07 वर्ष के सश्रम कारावास व प्रत्येक को 1,50,000/- रूपये के अर्थदण्ड से किया दण्डित ।
आज दिनांक 29-03-2025 को पुलिस आयुक्त कमिश्नरेट वाराणसी श्री मोहित अग्रवाल के नेतृत्व में मानिटरिंग सेल व साइबर क्राइम थाना की प्रभावी पैरवी के फलस्वरुप साइबर क्राइम थाना में पंजीकृत मु0अ0सं0- 48/2021 धारा 420 भादवि व 66डी आईटी एक्ट से संबंधित अभियुक्त
(1) मन्टु मण्डल पुत्र ईश्वर मण्डल ग्राम महुपान थाना मनियाडीह जनपद धनबाद झारखण्ड
(2) प्रमोद कुमार मण्डल पुत्र नरेश मण्डल ग्राम सलजोरा बैदरी थाना सरैया हाट, जनपद दुमका झारखण्ड को 07-07 वर्ष का सश्रम कारावास व प्रत्येक को 1,50,000/- रूपये के अर्थदण्ड से दण्डित किया गया । माननीय न्यायालय ने अभियुक्तगणों द्वारा किये गये अपराध को अत्यन्त गम्भीर व जघन्य प्रवृत्ति का मानते हुए, अपने निर्णय में टिप्पणी कि “वर्तमान समय में देश जब डिजिटल इण्डिया के नवप्रवर्तन के दौर से गुजर रहा है ऐसी स्थिति में साइबर अपराधी इस महत्वकांक्षी योजना के लिए अभिशाप है । साइबर अपराधी तकनीक का दुरुप्रयोग कर मात्र कुछ क्षणों में पीड़ित के खातों से पूरी धनराशि निकाल लेना, डार्क-वेव व वी.पी.एन. जैसी तकनीकों का उपयोग करके छल पूर्वक बड़ी मात्रा में पैसा निकालना तथा उसका प्रयोग बड़े अपराधों में करना देश के समक्ष एक बड़ी चुनौती के रूप में है”।
माननीय न्यायालय अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट कोर्ट सं.-01 वाराणसी के न्यायाधीश माननीय श्री राजीव मुकुल पाण्डेय ने अभियुक्तगणों के आपराधिक इतिहास को देखते हुए इन्हें अभ्यस्त अपराधी माना और उनके कृत्यों से समाज को गम्भीर क्षति पहुंचने की आशंका की परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए अभियुक्तगण प्रमोद कुमार मण्डल पुत्र नरेश मण्डल व मन्टु मण्डल पुत्र ईश्वर मण्डल को भा0द0वि0 की धारा 420 (धोखाधड़ी) व आई0टी0 एक्ट के धारा 66 डी के तहत 07-07 के सश्रम कारावास व 1,50,000 रूपये के अर्थदण्ड की सजा सुनायी ।
घटना का संक्षिप्त विवरण –
वादी छेदी निवासी थाना बड़ागांव वाराणसी के मोबाइल पर मो नं.- 9883XXXXXX, 6291XXXXXX से दिनांक 03/06/2021 को फोन कर अपने को ट्रेजरी आफिसर बताकर, पेंशन का फिक्सेशन के नाम पर वादी के बैंक खाता संबन्धित समस्त जानकारी प्राप्त कर दिनांक 03-06-2021 से 06-06-2021 के बीच 16,41000/- रुपये बैंक खाते से बिना वादी के जानकारी के धोखे से निकाल लेना