बलिया: मनियर गांव सामूहिक विवाह में जब कन्याओ ने खुद ही डाल ली अपने गले में वरमाला, 12 दलाल सहित तीन अधिकारियों को पुलिस ने किया गिरफ्तार, जाने पूरा मामला

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उत्तर प्रदेश के बलिया जिले के मनियर में हुआ सामूहिक विवाह जो चढ़ा भ्रष्टाचार की भेंट। सामूहिक विवाह योजना में धांधली का वीडियो वायरल होने के बाद उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा इसकी जांच के लिए 20 अधिकारियों की एक टीम बनाई गई जो इस घोटाले की जांच कर रही है। इस सामूहिक विवाह में लड़कियों ने खुद ही अपने गले में वरमरा डाल दी जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने लगा, जिसकी जांच के बाद अफसरों की टीम के साथ पुलिस ने भी कार्रवाई शुरू कर दी। गुरुवार को कार्यालय खुलते ही विकास भवन में स्थित जिला समाज कल्याण विभाग दफ्तर में पुलिस की टीम पहुंच गई। टीम ने कार्यालय से कुछ कागजात कब्जे में लिए और चली गई। डीएम-एसपी की देखरेख में पुलिस ने दो एडीओ समाज कल्याण, एक पटल प्रभारी समेत कुल 15 लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ के बाद गुरुवार को गिरफ्तार कर लिया। अब तक की जांच में 240 फर्जी शादियां होने की बात सामने आई है हालांकि जांच अभी चल रही है।

कन्याओं ने

जब कन्याओं ने खुद ही वरमाला पहन ली

बीते 25 जनवरी को मनियर इंटर कॉलेज परिसर में मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह समारोह का आयोजन किया गया। इसके बाद शादी में फर्जीवाड़ा की बात सामने आने लगी और कई कन्याओं की ओर से घूंघट में खुद ही वरमाला डालने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने लगे। सोमवार को सीडीओ ने जांच के लिए ब्लॉकवार 20 अधिकारियों की टीम बनाकर जांच करानी शुरू कर दी। पहले दिन की जांच के आधार पर आठ लाभार्थियों व एक एडीओ समाज कल्याण पर मुकदमा दर्ज कराया गया।

लाभ्यार्थी ने खुद बताया क्या हुआ

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सामूहिक विभाग घोटाला सामने आने पर पुलिस हुई सक्रिय

इसके बाद से ही पुलिस भी सक्रिय हो गई। बुधवार की शाम को पुलिस ने समाज कल्याण विभाग के सामूहिक विवाह योजना के पटल प्रभारी को हिरासत में ले लिया। गुरुवार को पुलिस ने एकबार फिर दस्तक दी और योजना से संबंधित कई दस्तावेजों को कब्जे में लेकर चली गई। जिला समाज कल्याण अधिकारी दीपक श्रीवास्तव ने बताया कि पुलिस की ओर से की जा रही जांच के लिए जो भी दस्तावेज मांगे जा रहे हैं उपलब्ध कराया जा रहा है। पुलिस के दूसरे दिन पहुंचते ही समाज कल्याण के साथ ही अन्य विभागों के कर्मियों में बेचैनी रही। शाम को डीएम व एसपी ने पूरे मामले का खुलासा कर दिया। अब तक हुई जांच में तीन अधिकारी-कर्मचारी समेत 15 लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया। हालांकि अभी विवेचना चल रही है।

सामूहिक विवाह घोटाले पुलिस 12 लोंगो को लिया हिरासत में


दो दिनों पहले सामूहिक विवाह में हुए फर्जीवाड़ा के बाबत मनियर थाने में एक एडीओ समेत कुल नौ लोगों पर मुकदमा दर्ज कराया गया। बताया जाता है अधिकारियों की ओर से की गई जांच में ही कई अपात्रों की ओर से आवेदन कराने वालों का नाम बताया गया जो पुलिस को दिए गए हैं। इसके अलावा पुलिस की पूछताछ में कई नाम प्रकाश में आए हैं जो इस रैकेट में शामिल थे। पुलिस लगातार ऐसे लोगों की तलाश में जुटी है। बुधवार को देररात तक कई गांवों में पुलिस ने दस्तक दी और अलग-अलग गांवों से 12 लोगों को हिरासत में ले लिया।

दलाल हुए अंडरग्राउंड


सामूहिक विवाह योजना में हुए फर्जीवाड़ा में अधिकारियों व पुलिस की कार्रवाई को देख कई दलाल अंडरग्राउंड हो चुके हैं। सीडीओ ओजस्वी राज ने बताया कि जिनके भी नाम सामने आएंगे उनका बचना मुश्किल है। अब तक की जांच में कुल 240 अपात्रों के नाम सामने आए हैं। हालांकि अभी जांच चल रही है।। पुलिस ने दो एडीओ व एक पटल प्रभारी को भी हिरासत में लेकर पूछताछ की।

दो और अधिकारी हो सकते है निलंबन की गई संस्तुति


मनियर ब्लॉक के एडीओ समाज कल्याण सुनील कुमार यादव को पहले ही निलंबित किया जा चुका है। अब तीन ब्लॉकों बांसडीह, रेवती व बेरुआरबारी के एडीओ समाज कल्याण भानुप्रताप व समाज कल्याण विभाग के हॉस्टल अधीक्षक व पटल प्रभारी रविंद्र गुप्ता के निलंबन की संस्तुति भी शासन को भेज दी गई है।

जब पुलिस एक-एक कर करने लगी गिरफ्तार


सामूहिक विवाह योजना में हुए फर्जीवाड़ा की जैसे जैसे जांच आगे बढ़ी दलाल, ब्लाॅक कर्मचारी व समाज कल्याण विभाग में तैनात पटल प्रभारी की सांठगांठ सामने आने के बाद पुलिस एक-एक कर सबको गिरफ्तार करती चली गई। बृहस्पतिवार को भी पूरे दिन जिलाधिकारी रविंद्र कुमार व एसपी देवरंजन वर्मा के निर्देश पर अधिकारी व पुलिस अफसर कार्रवाई में जुटे रहे। मनियर थाने में मंगलवार को दर्ज मुकदमे में ही पकड़े गए 12 लोगों के साथ ही दो एडीओ व एक पटल प्रभारी को भी आरोपी बनाते हुए पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। अधिकारियों ने दावा किया है कि अभी विवेचना चल रही है और जो भी दोषी होंगे वह बचेंगे नहीं। कयास लगाए जा रहे हैं कि अभी कईयों पर कार्रवाई हो सकती है।

इन आरोपियों को किया गया गिरफ्तार


एडीओ समाज कल्याण मनियर सुनील कुमार यादव, सहायक पटल अधिकारी रविंद्र गुप्ता, सहायक विकास अधिकारी समाज कल्याण भानुप्रताप, आलोक श्रीवास्तव, थाना बांसडीह, उपेन्द्र यादव थाना मनियर, दीपक चौहान, थाना रेवती, मुकेश कुमार गुप्ता, थाना रेवती, रामजी चौहान निवासी थाना सहतवार, संतोष यादव निवासी थाना सहतवार, अर्जुन वर्मा निवासी थाना सहतवार, पूर्व प्रधान रामनाथ, थाना मनियर, अच्छेलाल वर्मा निवासी थाना मनियर, धर्मेन्द्र यादव निवासी थाना मनियर, गुलाब यादव निवासी थाना मनियर, सर्वजीत सिंह निवासी थाना सहतवार को गिरफ्तार किया गया है।

कन्यादान करने वाले जन प्रतिनिधियों के खिलाफ हो कार्रवाई: भाकपा-माले


भाकपा माले के वरिष्ठ नेता लक्ष्मण यादव और वशिष्ठ राजभर ने जिलाधिकारी को पत्र देकर मनियर इंटर कॉलेज में मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में फर्जी शादियों के मामले में आवाज बुलंद की है। नाबालिग की शादी में कन्यादान करने वाले जन प्रतिनिधियों और लोगों के खिलाफ भी कार्रवाई करने की मांग की है। कहा कि प्रशासन फर्जीवाड़े में छोटी मछलियों को पकड़, बड़ी मछलियों को बचाने का प्रयास कर रहा है। इतना बड़ा फर्जीवाड़ा सरकार में बैठे लोगों की सह पर ही सम्भव है।

सीबीसीआएईडी जांच की मांग


समाजवादी पार्टी बांसडीह विधानसभा अध्यक्ष उदय बहादुर सिंह ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में सरकारी अधिकारियों की ओर से धन की बंदरबांट की गई। कहा कि हल्दी रामपुर में भी हुई शादी में भी फर्जीवाड़ा किया गया है। पूरे प्रदेश में हुई सामूहिक शादी में भी फर्जीवाड़ा कर करोड़ों रुपये का गोलमाल किया गया है। इस योजना की फर्जीवाड़ा को लेकर पूर्व नेता प्रतिपक्ष रामगोविंद चौधरी ने मुख्यमंत्री के साक्ष्य सदन में धांधली का मुद्दा उठाया था तो मुख्यमंत्री ने गरीब विरोधी बताया था। सपा सरकार में सीधे लाभार्थी के खाते में पैसा भेजा जाता था। उन्होंने सरकार से सीबीसी आईडी जांच कराने की मांग की है।

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